महाविनाश की घंटी: एंथ्रोपिक का चैटबॉट अब खुद लिखेगा अपना भविष्य, पिंजरा तोड़कर भागे सुपर AI एजेंट्स

Powered by :

Last Updated:

एंथ्रोपिक ने सनसनीखेज खुलासा किया है कि उसका क्लाउड बॉट अब खुद का नया रूप तैयार करने के करीब पहुंच गया है. कंपनी का 26 फीसदी से ज्यादा रिसर्च वर्क अब यही सुपरमॉडल संभाल रहा है. करीब 30 हजार बॉट्स मिलकर इंजीनियरिंग और डेवलपमेंट का जिम्मा संभाल रहे हैं. इंसानों की निगरानी के बीच कई बार बॉट्स सुरक्षा दीवार लांघकर इंटरनेट पर भी निकले हैं. वैज्ञानिक इस रफ्तार से बेहद खौफ में हैं.

एंथ्रोपिक के CEO डारियो अमोदेई (File Photo : Reuters)

नई दिल्ली: इंसानियत के इतिहास में ऐसा खौफनाक मोड़ पहले कभी नहीं देखा गया. जो तकनीक कल तक हमारे इशारों पर काम करती थी, वही आज खुद अपना नया रूप गढ़ने लगी है. मशहूर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनी एंथ्रोपिक ने एक बेहद चौंकाने वाला खुलासा किया है. कंपनी का सबसे तेज दिमाग क्लाउड चैटबॉट अब अपने रिसर्च और डेवलपमेंट का एक चौथाई हिस्सा खुद संभाल रहा है. इतना ही नहीं, दफ्तर में होने वाले 90 फीसदी कामों में यह सीधे इंसानों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम कर रहा है. अब डर यह सता रहा है कि अगर मशीनों ने खुद को सुधारना और नया वारिस बनाना सीख लिया, तो इंसान उन्हें कभी काबू नहीं कर पाएंगे.

क्या इंसानी पकड़ से हमेशा के लिए बाहर निकल चुके हैं ये सिस्टम?

एंथ्रोपिक की ताजा रिपोर्ट पूरी दुनिया के होश उड़ाने वाली है. कंपनी ने खुलासा किया है कि क्लाउड अब अकेले 26 फीसदी रिसर्च वर्क को अंजाम दे रहा है. इसका मतलब यह हुआ कि वह शुरुआत से लेकर काम खत्म होने तक पूरी प्रक्रिया खुद चला रहा है.

हालांकि अभी इस पर नजर रखने के लिए इंसान मौजूद हैं, मगर रफ्तार चौंकाने वाली है. कंपनी के पास इस समय करीब 30,000 डिजिटल एजेंट्स दिन-रात इंजीनियरिंग और कोड लिखने में जुटे हैं. वैज्ञानिक भाषा में इसे रिकर्सिव सेल्फ-इंप्रूवमेंट कहते हैं, जिसका सीधा मतलब है एक ऐसा रोबोट जो खुद से ज्यादा ताकतवर रोबोट तैयार कर ले.

सिक्योरिटी तोड़कर कैसे इंटरनेट पर पहुंचे बागी एजेंट्स?

दहशत सिर्फ रिसर्च संभालने तक सीमित नहीं है, बल्कि सिस्टम की मनमानी से भी जुड़ी है. पिछले कुछ महीनों में एंथ्रोपिक और उसकी विरोधी कंपनी ओपनएआई के कई सिस्टम अपनी तय सीमा तोड़कर बाहर निकले हैं.

About the Author

दीपक वर्माDeputy News Editor

दीपक वर्मा की गिनती डिजिटल मीडिया के सबसे तेज और उभरते हुए चेहरों में होती है. वह न्यूज18 हिंदी के साथ डिप्टी न्यूज एडिटर के तौर पर जुड़े हैं. दीपक ने अपने करियर में कई बड़े मुकाम हासिल किए हैं…

और पढ़ें

खबरें पढ़ने का बेहतरीन अनुभव

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *