नई दिल्ली. एडिनबर्ग कैसल रॉकर्स ने पहली बार आयोजित हुए यूरोपीय टी20 प्रीमियर लीग के खिताबी मुकाबले में बेलफास्ट वॉल्व्स को एकतरफा अंदाज में हरा दिया. इस ऐतिहासिक जीत के सबसे बड़े नायक एंड्रीज गौस रहे, जिन्होंने 151 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए नाबाद 90 रनों की शानदार और संयमित पारी खेली. इसके साथ ही ट्रेंट बोल्ट और मार्क वाट की धारदार गेंदबाजी ने बेलफास्ट वॉल्व्स को बड़े स्कोर तक पहुंचने से रोक दिया.
एडिनबर्ग को जीत के लिए जब चौके की दरकार थी, तब गौस ने ग्लेन मैक्सवेल की गेंद को वाइड लॉन्ग-ऑन की दिशा में हवा में लहरा दिया. सीमा रेखा पर फील्डिंग कर रहे क्रिस जॉर्डन ने डाइव लगाकर गेंद को रोकने की नाकाम कोशिश की और बॉल चार रनों के लिए चली गई. यह वाकया वॉल्व्स के पूरे दिन के निराशाजनक प्रदर्शन को दर्शाने के लिए काफी था. वॉल्व्स की टीम टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए सिर्फ 150 रन ही बना सकी. उनकी ओर से टिम टेक्टर ने 62 गेंदों पर 84 रनों की संघर्षपूर्ण पारी खेली, लेकिन बाकी बल्लेबाजों का साथ न मिलने की वजह से यह स्कोर खिताबी जंग में बेहद कम साबित हुआ.
वॉल्व्स की धीमी शुरुआत और टेक्टर का संघर्ष
इससे पहले, जब कैसल रॉकर्स ने टॉस जीतकर बेलफास्ट वॉल्व्स को पहले बल्लेबाजी का न्योता दिया, तो शुरुआत बेहद धीमी रही. ट्रेंट बोल्ट की घातक स्विंग के सामने टिम टेक्टर और पॉल स्टर्लिंग शुरुआती दो ओवरों में महज सात रन ही बना सके. हालांकि, इसके बाद टेक्टर ने आक्रामक रुख अपनाते हुए बोल्ट की गेंद पर फाइन लेग के ऊपर से छक्का जड़ा. इसके बावजूद कैसल रॉकर्स के गेंदबाजों ने रनों की रफ्तार पर पूरी तरह अंकुश लगाए रखा. टेक्टर ने एक छोर संभाले रखा और मैच का सबसे खूबसूरत शॉट तब देखने को मिला जब उन्होंने मार्क वाट की लेंथ बॉल को टाइम करते हुए मिड-ऑन के बगल से चार रनों के लिए भेज दिया.
स्पिनरों की कसी हुई गेंदबाजी और टेक्टर का पचासा
मार्क वाट, मिचेल सेंटनर और टॉम करन की कसकर की गई गेंदबाजी के सामने वॉल्व्स के बल्लेबाज खुलकर नहीं खेल सके. स्थिति यह थी कि 11 ओवरों के खेल के बाद टीम सिर्फ एक विकेट के नुकसान पर 76 रन ही बना सकी थी, जिसमें टेक्टर 33 गेंदों पर 39 रन बनाकर नाबाद थे. वॉल्व्स को एक बड़े स्कोर तक पहुंचने के लिए टेक्टर का अंत तक टिकना बेहद जरूरी था. उन्होंने 13वें ओवर में मार्क वाट पर लगातार दो चौके लगाकर अपना अर्धशतक पूरा किया. टेक्टर ने अंततः टीम के कुल स्कोर के आधे से अधिक रन खुद बनाए, लेकिन दूसरे छोर से सहयोग न मिलने के कारण वे खुलकर प्रहार नहीं कर पा रहे थे.
डेथ ओवरों में ट्रेंट बोल्ट का कहर
कैसल रॉकर्स की ओर से ट्रेंट बोल्ट ने नई गेंद से खतरनाक गेंदबाजी की. अपने पहले ओवर में उन्होंने सिर्फ एक रन दिया और स्विंग से बल्लेबाजों को खूब परेशान किया. अपने दूसरे ओवर में 11 रन देने के बावजूद उन्होंने खतरनाक पॉल स्टर्लिंग को आउट कर अपनी टीम को पहली सफलता दिलाई. इस कैच को कवर पॉइंट पर जैक जार्विस ने बड़ी खूबसूरती से लपका.
इसके बाद कप्तान ने बोल्ट को डेथ ओवरों में गेंदबाजी के लिए 15वें और 18वें ओवर में वापस बुलाया. बोल्ट ने आते ही यॉर्कर गेंदों की झड़ी लगा दी. इसी स्पेल में उन्होंने लोरकन टकर को पवेलियन भेजा, जिनका शानदार कैच जेजे स्मट्स ने पकड़ा. 15वें ओवर में बोल्ट ने सिर्फ पांच रन दिए. उन्होंने 18वें ओवर में भी अपनी सटीक यॉर्कर और स्लोअर गेंदों का बेहतरीन मिश्रण करते हुए महज पांच रन दिए. बोल्ट ने अपने 4 ओवरों के स्पेल में 21 रन देकर 2 महत्वपूर्ण विकेट हासिल किए.
मैदान पर दो भाइयों की भिड़ंत
151 रनों का पीछा करने उतरी एडिनबर्ग कैसल रॉकर्स की पारी का आगाज एक दिलचस्प पारिवारिक मुकाबले से हुआ. दो सगे भाई आमने-सामने थे बड़े भाई रॉस अडायर बल्लेबाजी के लिए क्रीज पर उतरे, जबकि छोटे भाई मार्क अडायर के हाथों में नई गेंद थी. शुरुआत में बाजी बड़े भाई के हाथ लगी. पहले ओवर में 4, वाइड, वाइड, 6 का स्कोर बना, जहां रॉस ने पहले विकेटकीपर के बगल से चौका निकाला और फिर सीधे साइटस्क्रीन के ऊपर से दर्शनीय छक्का जड़ दिया.
छोटे भाई की वापसी और मुकाबला बराबर
हालांकि, वॉल्व्स ने छोटे भाई मार्क अडायर पर अपना भरोसा बनाए रखा और मार्क ने भी शानदार वापसी की. अपने दूसरे यानी पारी के तीसरे ओवर की पहली चार गेंदों पर उन्होंने केवल एक रन दिया और आखिरी गेंद पर अपने बड़े भाई रॉस अडायर को आउट कर दिया. आठ गेंदों में 12 रन, दो वाइड और एक विकेट के साथ दोनों भाइयों का यह मुकाबला बराबरी पर छूटा.
रॉकर्स का दबदबा और वॉल्व्स का पलटवार
रॉस के आउट होने के बाद एंड्रीज गौस और जेजे स्मट्स ने पारी को संभाला. शुरुआती 8 ओवरों में ही कैसल रॉकर्स ने मैच को लगभग वॉल्व्स की पहुंच से बाहर कर दिया था. टीम को अब जीत के लिए आखिरी 72 गेंदों में सिर्फ 79 रनों की जरूरत थी और उसके 9 विकेट सुरक्षित थे. लेकिन बेलफास्ट वॉल्व्स ने इतनी आसानी से हार नहीं मानी. कप्तान ग्लेन मैक्सवेल (जिन्होंने एक दिन पहले ही 18 रन देकर 4 विकेट का अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया था) खुद गेंदबाजी करने आए. उनके आते ही रनों की रफ्तार पर लगाम लग गई. मैक्सवेल, मैथ्यू हम्फ्रीज, गेविन होए और फ्रेड क्लासेन ने अगले चार ओवरों में सिर्फ 15 रन खर्च किए. इस दौरान हम्फ्रीज ने 23 गेंदों पर 15 रन बनाकर संघर्ष कर रहे जेजे स्मट्स को पवेलियन का रास्ता दिखाया.
गौस की ऐतिहासिक पारी और खिताबी जीत
12 ओवर के खेल तक कैसल रॉकर्स की पारी में लगातार 29 गेंदों तक एक भी चौका या छक्का नहीं लगा था. वॉल्व्स की टीम को यहां से मैच में वापसी की उम्मीद दिखने लगी थी, क्योंकि एडिनबर्ग को अब 48 गेंदों में 64 रनों की जरूरत थी. लेकिन क्रीज पर मौजूद एंड्रीज गौस ने विरोधी टीम की इन उम्मीदों पर पानी फेर दिया. गौस ने जिम्मेदारी से बल्लेबाजी करते हुए टीम को कोई और झटका नहीं लगने दिया और अंत तक नाबाद रहते हुए अपनी टीम को ईटीपीएल का पहला चैंपियन बना दिया.
