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दिवाली से पहले दिल्ली-एनसीआर में ठंड और प्रदूषण ने दस्तक दे दी है. आज 5 नवंबर को पारा और लुढ़कने से सर्दी बढ़ी है, जबकि बढ़ते प्रदूषण से लोगों को सांस लेने में परेशानी हो रही है. घरों से बाहर निकलने पर खांसी और एलर्जी जैसी समस्याएं हो रही हैं.
दिवाली से पहले ठंड-प्रदूषण ने मारी जोरदार एंट्री, दिल्ली में आज सबसे नीचे पहुंचा पारा, IMD ने बताया पूरे दिन का हाल.
दिल्ली-एनसीआर के मौसम में आज बड़ा बदलाव देखने को मिला है. 5 नवंबर को राजधानी में ठंड और प्रदूषण की जोड़ी ने जोरदार एंट्री मार ली है. आज पारा सबसे निचले स्तर पर पहुंचने से दिवाली से पहले ही लोगों को सर्दी का अहसास होने लगा है. वहीं गिरते तापमान में प्रदूषण स्तर बढ़ने से लोगों का दम घुटा जा रहा है और सांस लेने में कठिनाई महसूस हो रही है. कई लोगों को बाहर की हवा में सांस लेने से खांसी और गले में संक्रमण जैसी समस्याएं हो रही हैं.
आज सुबह से ही उथला कोहरा या धुंध एनसीआर के इलाकों में छाई हुई है. भारतीय मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार आज अधिकतम तापमान 27 से 29 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 15 से 17 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है. हालांकि सुबह के बाद उत्तर-पश्चिमी हवाएं 10-15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने से धुंध के छंटने में थोड़ी राहत मिल सकती है. आज बारिश की कोई संभावना नहीं है.
आईएमडी की रिपोर्ट के अनुसार पिछले 24 घंटों में दिल्ली के सफदरजंग में अधिकतम तापमान लगभग 29.8 डिग्री और न्यूनतम 16.1 डिग्री दर्ज किया गया था, जो आज अचानक घट गया. वैज्ञानिकों का मानना है कि अगले कुछ दिनों में तापमान में बड़ा बदलाव नहीं होगा लेकिन दिवाली से पहले ठंड अच्छी हो जाएगी.
प्रदूषण के स्तर पर चिंताजनक स्थिति बनी हुई है. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार दिल्ली की हवा की गुणवत्ता बहुत खराब श्रेणी में पहुंच गई है. 4 नवंबर को शहर का औसत एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 373 से 379 के आसपास पहुंच गया है जो लगभग 10 महीनों में सबसे खराब स्तरों में से एक था. कई निगरानी स्टेशनों पर एक्यूआई 400 से ऊपर पहुंचकर ‘सीवियर’ श्रेणी में दर्ज किया गया था. देखा गया कि पंजाबी बाग, जहांगीरपुरी, आईआईटी दिल्ली जैसे इलाकों में स्थिति विशेष रूप से खराब रही.
वायु गुणवत्ता प्रारंभिक चेतावनी प्रणाली के मुताबिक आज भी एक्यूआई ‘वेरी पुअर’ श्रेणी में रहने की संभावना है. ऐसे में प्रदूषण का यह स्तर स्वस्थ लोगों में भी सांस संबंधी तकलीफ पैदा कर सकता है, जबकि अस्थमा, हृदय रोग या बच्चों-बुजुर्गों के लिए खतरा लगातार बढ़ रहा है.
एनसीआर के अन्य शहरों गुरुग्राम, नोएडा आदि में भी हवा की गुणवत्ता खराब से बहुत खराब बनी हुई है. विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि बाहरी गतिविधियों को सीमित रखें, मास्क पहनें और घर के अंदर एयर प्यूरीफायर का इस्तेमाल करें.
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Priya Gautam is an accomplished journalist currently working with Hindi.News18.com with over 14 years of extensive field reporting experience. Previously worked with Hindustan times group (Hindustan Hindi) and …
