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बॉलीवुड का हैंडसम हंक स्टार जिसने बतौर बैकग्राउंड डांसर अपने करियर की शुरुआत की. फिल्मी बैकग्राउंड से आने के बाद भी संघर्ष की धूप में तपकर जिस एक्टर ने अपने सपना साकार किया. साल 2003 में डेब्यू किया. इसके बाद भी बैक टू बैक प्लॉप फिल्में दीं. वो कोई और नहीं शाहिद कपूर हैं.
नई दिल्ली. शाहिद कपूर आज वह इंडस्ट्री के टॉप स्टार हैं. लेकिन एक समय ऐसा भी था, जब स्टारकिड होने के बावजूद वह एक्टिंग की दुनिया में जड़े जमाने के लिए दर-दर भटक रहे थे. उन्होंने करियर की शुरुआत में काफी रिजेक्शन झेला है. शुरुआत में बतौर बैकग्राउंड डांसर भी काम किया. लेकिन एक फिल्म से उन्होंने 2019 में बॉक्स ऑफिस हिला दिया था.
अक्सर आपने स्टार्स के स्ट्रग्लिंग डेज के एक्सपीरियंस में ये जरूर सुना होगा कि किसी ने डायरेक्टर को असिस्ट किया है. तो कोई सपोर्टिंग एक्टर बनकर फिल्मों में काम कर चुका है. लेकिन शाहिद कपूर ने अपने करियर की शुरुआत बतौर बैकग्राउंड डांसर किया था. ऐश्वर्या के गाने कभी आग लगे लग जावे और ‘दिल तो पागल है’ के सॉन्ग दिल ले गई ले गई’ में शाहिद कपूर को पहचानना भी काफी मुश्किल है.
शाहिद कपूर हिंदी सिनेमा के दिग्गज एक्टर पंकज कपूर के बेटे हैं. एक्टर ने साल 2003 में चॉकलेटी हीरो बनकर बॉलीवुड में एंट्री मारी थी. एक्टर की पहली फिल्म ‘इश्क विश्क’ थी. लेकिन इस फिल्म में काम करने से पहले उन्हें काफी संघर्ष करना पड़ा था. उन्होंने कई एलबम में भी इससे पहले काम किया था.
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बतौर डांसर भी उन्होंने काफी संघर्ष किया. लेकिन साल 2003 में फिल्म ‘इश्क विश्क’में रोमांटिक हीरो का किरदार निभाकर उन्होंने अपनी पहचान बनाई थी. ये फिल्म हिट साबित हुई थी.
शाहिद कपूर ने अपने एक पुराने इंटरव्यू में बताया था कि पकंज कपूर का बेटा होने मात्र से उन्हें काम नहीं मिला था. उनकी लाइफ में एक दौरा ऐसा था उन्हें 100 बार ऑडिशन दिया था और वह रिजेक्ट हो गए थे. उन्होंने बताया था कि तब मेरे पास खाने और ऑडिशन में जाने के पैसे भी नहीं होते थे. मैंने अपनी जिंदगी में बहुत मुश्किल वक्त देखा है.
साल 2019 से पहले शाहिद कपूर का करियर काफी उतार चढ़ाव भरा रहा. लेकिन साल 2019 में उन्होंने सिंगल लीड एक्टर के रूप में एक ऐसी फिल्म दी जिसने उनकी पूरी इमेज ही बदल दी थी. इस फिल्म का नाम था ‘कबीर सिंह’. इस फिल्म ने उन्हें रातोंरात सुपरस्टार बना डाला. शाहिद का सपना ‘कबीर सिंह’ के बाद ही पूरा हुआ था.
साल 2019 की इस ब्लॉकबस्टर फिल्म के बाद शाहिद को वो स्टाडरम हासिल हुई, जिसका इंजतार उन्हें सालों से था. इस फिल्म न सिर्फ शाहिद के करियर को बनाया, बल्कि इस फिल्म के जरिए मेकर्स को भी काफी मुनाफा हुआ. अपने करियर में शाहिद ने जब वी मेट, उड़ता पंजाब, कबीर सिंह जैसी फिल्में देकर अपनी अलग जगह बनाई.
