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UGC NET 2026 Answer Key Delay JNUSU Protest: यूजीसी नेट परीक्षा 22 जून से 30 जून 2026 के बीच हुई थी. अभी तक यूजीसी नेट की प्रोविजनल आंसर-की जारी नहीं हुई है. इसमें हो रही देरी से अभ्यर्थियों का गुस्सा फूट पड़ा है. यूजीसी नेट आंसर की 2026 में लेट-लतीफी के विरोध में जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ (JNUSU) ने 11 अगस्त को एनटीए ऑफिस के बाहर प्रदर्शन का ऐलान किया है.
UGC NET 2026 Answer Key Delay JNUSU Protest: यूजीसी नेट परीक्षा जून के आखिरी हफ्ते में हुई थी
नई दिल्ली (JNUSU Protest). यूजीसी नेट 2026 में शामिल हुए लाखों अभ्यर्थियों का इंतजार दिन-ब-दिन लंबा होता जा रहा है. परीक्षा हुए 40 दिन से भी ज्यादा बीत चुके हैं. नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने अब तक यूजीसी नेट प्रोविजनल आंसर की को लेकर कोई अपडेट नहीं दिया है. इस देरी से परेशान उम्मीदवारों का सब्र टूट चुका है. मामले की गंभीरता को देखते हुए जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ (JNUSU) ने 11 अगस्त को दिल्ली स्थित एनटीए मुख्यालय के बाहर जोरदार विरोध प्रदर्शन करने का ऐलान किया है.
40 दिन से ज्यादा का वक्त बीता, आंसर-की का पता नहीं
यूजीसी नेट परीक्षा 22 जून से 30 जून 2026 के बीच हुई थी. इसे खत्म हुए 40 दिनों से ज्यादा का समय बीत चुका है. लेकिन यूजीसी नेट प्रोविजनल आंसर की 2026 न आने से एस्पिरेंट्स भारी असमंजस में हैं. आमतौर पर यूजीसी नेट परीक्षा के कुछ ही हफ्तों के अंदर आंसर-की जारी कर दी जाती है. इससे उम्मीदवार अपने उत्तरों का मिलान करके रिजल्ट का अंदाजा लगा लेते हैं. लेकिन इस बार एनटीए की तरफ से बरती जा रही चुप्पी ने अभ्यर्थियों की बेचैनी और गुस्सा, दोनों बढ़ा दिया है.
11 अगस्त को एनटीए ऑफिस के बाहर प्रदर्शन का ऐलान
यूजीसी नेट आंसर की 2026 में हो रही देरी के खिलाफ जेएनयू छात्र संघ (JNUSU) ने मोर्चा संभाल लिया है. जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी छात्र संघ ने औपचारिक रूप से घोषणा की है कि 11 अगस्त 2026 (मंगलवार) को बड़ी संख्या में छात्र ओखला स्थित एनटीए ऑफिस के बाहर जुटेंगे और प्रदर्शन करेंगे. जेएनयूएसयू का कहना है कि जब तक एजेंसी पारदर्शी तरीके से जल्द प्रक्रिया पूरी करने का भरोसा नहीं देती, तब तक छात्रों की आवाज उठती रहेगी.
पीएचडी एडमिशन और करियर पर पड़ रहा बुरा असर
यूजीसी नेट केवल पात्रता परीक्षा नहीं है, बल्कि देशभर के विश्वविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर बनने और पीएचडी में दाखिले का भी मुख्य जरिया है. यूजीसी नेट परीक्षा परिणाम में देरी की वजह से कई सेंट्रल और स्टेट यूनिवर्सिटीज में नए सेशन के एडमिशन की प्रक्रिया रुकी हुई है. जो उम्मीदवार जेआरएफ (JRF) की आस लगाए बैठे हैं, उनका कीमती समय भी लगातार बर्बाद हो रहा है.
छात्रों की मुख्य मांगें क्या हैं?
प्रदर्शन का ऐलान करने वाले छात्र संगठनों ने एनटीए के सामने स्पष्ट मांगें रखी हैं. उनकी पहली और सबसे बड़ी मांग है कि यूजीसी नेट 2026 की प्रोविजनल आंसर-की बिना किसी और देरी के तुरंत जारी की जाए. इसके साथ ही रिस्पॉन्स शीट देखने और गलत उत्तरों पर आपत्ति दर्ज कराने का पूरा समय मिले. अभ्यर्थियों का कहना है कि एनटीए को अपनी कार्यप्रणाली में सुधार करना चाहिए, जिससे हर साल लाखों युवाओं का भविष्य अधर में न लटके.
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Deepali Porwal is a seasoned bilingual journalist with 11 years of experience in the media industry. She currently works with News18 Hindi, focusing on the Education and Career desk. She is kno…
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