Delhi Crime: दिल्ली के न्यू अशोक नगर इलाके में दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) के शिवाजी कॉलेज की एक महिला असिस्टेंट प्रोफेसर की बेरहमी से हत्या कर दी गई है. इस सनसनीखेज वारदात के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है. वारदात को इतनी चालाकी से अंजाम दिया गया कि हत्या के बाद कातिल फ्लैट को बाहर से लॉक करके फरार हो गया, ताकि किसी को शक न हो.
यह खौफनाक मामला 4 जून 2026 की दोपहर को तब सामने आया, जब पुलिस को एक पीसीआर कॉल के जरिए इस वारदात की सूचना मिली. पुलिस के मुताबिक, दोपहर करीब 2:35 बजे एक महिला ने रोते हुए फोन किया और बताया कि वसुंधरा एन्क्लेव स्थित ‘सत्यम अपार्टमेंट’ के एक फ्लैट में उसकी बहन का शव लहूलुहान या संदिग्ध हालत में पड़ा हुआ है. सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में न्यू अशोक नगर थाने की एक भारी पुलिस टीम मौके के लिए रवाना हुई.
पुलिस ने क्या बताया?
पुलिस के मुताबिक, उनके सिर पर किसी भारी वस्तु से वार किया गया था, हाथ की नस भी कटी हुई मिली, जबकि घर में रखा कैश और कीमती ज्वेलरी सुरक्षित होने से लूटपाट की आशंका से साफ इनकार किया गया है. मृतका अपने पति से अलग रहती थीं, जो वर्तमान में बेंगलुरु में रहते हैं, और अब पुलिस अधिकारी सीसीटीवी फुटेज की मदद से हत्यारे की सरगर्मी से तलाश कर रहे हैं. इस सनसनीखेज वारदात पर कोंडली से विधायक कुलदीप कुमार मोनू ने दिल्ली सरकार और दिल्ली पुलिस पर कड़ा निशाना साधते हुए कहा कि चप्पे-चप्पे पर कैमरे लगी ऐसी सुरक्षित सोसायटी में महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं.
बार-बार बज रही थी फोन की घंटी, बंद था ताला
पुलिस को इस मामले की सबसे पहले जानकारी देने वाली महिला की पहचान 49 वर्षीय देवराती पॉल के रूप में हुई है. देवराती ने पुलिस को बताया कि उनकी बहन देवोस्मिता पॉल (उम्र लगभग 40-45 वर्ष) शिवाजी कॉलेज में असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर कार्यरत थीं और वसुंधरा एन्क्लेव के इसी सत्यम अपार्टमेंट वाले फ्लैट में अकेली रहती थीं.
देवराती के मुताबिक, वह सुबह से ही अपनी बहन देवोस्मिता को फोन लगा रही थीं. फोन की घंटी लगातार बज रही थी, लेकिन दूसरी तरफ से कोई जवाब नहीं मिल रहा था. जब दोपहर तक कोई संपर्क नहीं हो पाया, तो देवराती घबराकर खुद अपनी बहन के फ्लैट पर पहुंचीं. वहां पहुंचकर उन्होंने देखा कि फ्लैट का मुख्य दरवाजा बाहर से पूरी तरह बंद था और उस पर ताला लटका हुआ था.
ताला टूटते ही रूह कंपा देने वाला मंजर
दिन के समय बाहर से ताला लटके होने और फोन का जवाब न मिलने पर देवराती पॉल को किसी अनहोनी की गहरी आशंका हुई. उन्होंने बिना समय गंवाए पड़ोसियों की मदद से फ्लैट का ताला तुड़वा दिया. जैसे ही दरवाजा खुला और देवराती फ्लैट के अंदर दाखिल हुईं, वहां का मंजर देखकर उनकी चीख निकल गई. कमरे के अंदर उनकी बहन देवोस्मिता पॉल मृत अवस्था में पड़ी हुई थीं. घर का सामान और हालात चीख-चीखकर गवाही दे रहे थे कि यहाँ किसी ने बड़ी बेरहमी से वारदात को अंजाम दिया है.
फॉरेंसिक टीम ने जुटाए सुराग
महिला प्रोफेसर का शव मिलने की खबर मिलते ही पुलिस के साथ-साथ जिले की स्पेशल क्राइम टीम और फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स को भी तुरंत मौके पर बुलाया गया. जांच टीमों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया. कातिल के फिंगरप्रिंट्स और अन्य जरूरी साक्ष्य जुटाने के लिए पूरे फ्लैट की गहनता से फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी कराई गई. इसके बाद, पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम और पहचान सुरक्षित रखने के लिए लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल के मोर्चरी में भेज दिया है.
इस मामले में पुलिस ने सख्त रुख अख्तियार करते हुए न्यू अशोक नगर थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत हत्या का केस दर्ज कर लिया है.
कातिल की तलाश में पुलिस की कई टीमें गठित
पॉश इलाके में दिनदहाड़े या रात के अंधेरे में हुई इस हाई-प्रोफाइल हत्या ने पुलिस की गश्त पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं. हालांकि, डीसीपी के निर्देश पर आरोपी की पहचान करने और उसे जल्द से जल्द सलाखों के पीछे भेजने के लिए पुलिस की कई स्पेशल टीमें गठित कर दी गई हैं. अपार्टमेंट में लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगाला जा रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि आखिरी बार फ्लैट में किसने एंट्री की थी. पुलिस मृतका के कॉल डिटेल्स की भी जांच कर रही है और उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही इस मिस्ट्री मर्डर का पर्दाफाश कर दिया जाएगा.
