पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन केंद्र सरकार को हजम नहीं हो रहा', NEET मामले पर बरसे केजरीवाल

होमताजा खबरदेश

पेपर लीक पर प्रदर्शन केंद्र को हजम नहीं हो रहा’, NEET मामले पर बरसे केजरीवाल

Last Updated:

NEET और अन्य परीक्षाओं में कथित पेपर लीक के मुद्दे पर सियासत तेज हो गई है. जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के समर्थन में आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल खुलकर सामने आए हैं. उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि पेपर लीक के खिलाफ आवाज उठाने वाले छात्रों को बदनाम करना गलत है.

पेपर लीक मामले में आप संयोजक अरविंद केजरीवाल में केंद्र सरकार को तीखा हमला बोला है.

NEET Paper Leak & Student Protest: पेपर लीक के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराने के लिए देश भर से छात्र आज दिल्‍ली के जंतर मंतर में इकट्ठा हुए थे. जंतर-मंतर पर चल रहे इस प्रदर्शन के बीच आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है. अरविंद केजरीवाल का आरोप है कि पेपर लीक के खिलाफ आवाज उठा रहे छात्रों को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है, जबकि उनका संघर्ष अपने भविष्य और पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था के लिए है.

दरअसल, छात्रों का एक वर्ग लंबे समय से पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहा है. इसी बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के एक बयान को लेकर विवाद खड़ा हो गया है. आम आदमी पार्टी का दावा है कि शिक्षा मंत्री ने आंदोलन कर रहे छात्रों को ऐसे समूहों से जोड़ने की कोशिश की है, जिन्हें देश विरोधी बताया जाता रहा है. इस विषय पर अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा है कि पेपर लीक का विरोध करने वाले मासूम बच्‍चों का भविष्य बर्बाद करके देश बचाने की बात कह रहे हैं.

स्‍वाभाविक है सरकार की जवाबदेही तय होना
अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि परीक्षा में गड़बड़ियों से सबसे ज्यादा नुकसान उन लाखों छात्रों को होता है, जो वर्षों की मेहनत और तैयारी के बाद परीक्षा देते हैं. ऐसे समय में छात्रों की चिंताओं को सुनने और समाधान देने के बजाय उन पर सवाल खड़े करना कई गंभीर प्रश्न पैदा करता है. आम आदमी पार्टी लगातार यह आरोप लगाती रही है कि देश में पेपर लीक की घटनाएं अब अपवाद नहीं, बल्कि एक बड़ी समस्या बन चुकी हैं. पार्टी का कहना है कि जब बार-बार परीक्षाएं विवादों में आती हैं, तो सरकार की जवाबदेही तय होना स्वाभाविक है.

शिक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर खड़े हो रहे सवाल
वहीं केंद्र सरकार इन आरोपों को खारिज करते हुए परीक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने के लिए उठाए गए कदमों का हवाला देती रही है. फिलहाल, पेपर लीक का मुद्दा केवल परीक्षा व्यवस्था तक सीमित नहीं रह गया है. यह छात्रों के भरोसे, उनकी मेहनत और देश की भर्ती एवं शिक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता से जुड़ा सवाल बनता जा रहा है. ऐसे में राजनीतिक बयानबाजी से ज्यादा जरूरत उन ठोस कदमों की है, जिनसे छात्रों को यह भरोसा मिले कि उनकी मेहनत किसी लीक या गड़बड़ी की भेंट नहीं चढ़ेगी.

About the Author

Anoop Kumar MishraAssistant Editor

Anoop Kumar Mishra is currently serving as Assistant Editor at News18 Hindi Digital, where he leads coverage of strategic domains including aviation, defence, paramilitary forces, international security affairs…और पढ़ें

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *