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नोएडा का सेक्टर-18 स्थित अट्टा मार्केट एनसीआर के सबसे व्यस्त बाजारों में शामिल है. लेकिन बढ़ते अतिक्रमण, अव्यवस्थित पार्किंग और रेहड़ी-पटरी के कारण यहां रोजाना लोगों को ट्रैफिक जाम और आवाजाही में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
नोएडा का सेक्टर-18 अट्टा मार्केट शहर ही नहीं, बल्कि एनसीआर के सबसे मशहूर और व्यस्त बाजारों में गिना जाता है, जहां हर दिन हजारों लोग खरीदारी के लिए पहुंचते हैं. लेकिन बाजार की चमक के बीच अवैध अतिक्रमण और अव्यवस्थित पार्किंग बड़ी समस्या बन चुकी है. फुटपाथों पर कब्जा और सड़क किनारे लगी रेहड़ी-पटरी के कारण लोगों को पैदल चलने में दिक्कत होती है, जबकि वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित रहती है.
अट्टा मार्केट के सामने सेक्टर-16 से सेक्टर-37 की ओर जाने वाले मार्ग पर शाम के समय सबसे अधिक दबाव देखने को मिलता है।. सड़क किनारे खड़े वाहन, रेहड़ी-पटरी और बढ़ती भीड़ के कारण ट्रैफिक की रफ्तार थम जाती है. ऑफिस से लौटने वाले लोग और खरीदारी के लिए आने वाले ग्राहक अक्सर लंबे जाम में फंस जाते हैं, जिससे रोजाना आवागमन प्रभावित होता है.
अट्टा मार्केट के आसपास बड़ी संख्या में लोग सड़क पार करते हैं, लेकिन इस हिस्से में फुट ओवर ब्रिज नहीं होने के कारण हजारों लोग टूटे हुए डिवाइडरों के रास्ते सड़क पार करने का जोखिम उठाते हैं. तेज रफ्तार वाहनों के बीच इस तरह सड़क पार करना दुर्घटना की आशंका को बढ़ा देता है. व्यस्त समय में यह स्थिति राहगीरों के लिए और भी चुनौतीपूर्ण हो जाती है.
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अट्टा मार्केट में फुटपाथों पर फैला अतिक्रमण, दुकानों के बाहर रखा सामान और सड़क किनारे बेतरतीब खड़े वाहन व्यवस्था को प्रभावित करते हैं. पैदल चलने वालों को सड़क पर उतरकर चलना पड़ता है, जबकि वाहनों के लिए जगह और कम हो जाती है. शाम के समय बाजार में बढ़ती भीड़ के बीच यह स्थिति लंबे जाम और अव्यवस्था की वजह बन जाती है.
नोएडा की इस प्रमुख मार्केट में फुटपाथों पर अतिक्रमण और सड़क पर खड़े वाहनों के कारण लोगों को रोजाना दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. कई जगह पैदल चलने तक के लिए पर्याप्त जगह नहीं बची है. बाजार में बढ़ती भीड़ के दौरान रेहड़ी-पटरी और अव्यवस्थित पार्किंग ट्रैफिक को और प्रभावित करती है, जिससे शाम के समय लंबा जाम लग जाता है.
शहर की पहचान मानी जाने वाली इस मार्केट में अवैध अतिक्रमण लगातार बढ़ रहा है. फुटपाथों पर फैले कब्जे और दुकानों के बाहर रखा सामान लोगों की आवाजाही में बाधा बन रहा है. सड़क किनारे खड़े वाहन और रेहड़ी-पटरी के कारण ट्रैफिक प्रभावित होता है. खासकर शाम के समय बाजार में भारी भीड़ के चलते लोगों को लंबे जाम का सामना करना पड़ता है.
मार्केट में बढ़ता अतिक्रमण अब स्थानीय लोगों और खरीदारों के लिए परेशानी का कारण बन गया है. फुटपाथों पर कब्जा होने से लोग सड़क पर चलने को मजबूर हैं. वहीं, सड़क किनारे खड़े वाहन और रेहड़ी-पटरी के कारण ट्रैफिक बार-बार प्रभावित होता है. शाम के समय बाजार में आने वाले लोगों को लंबे समय तक जाम में फंसना पड़ता है.
अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए समय-समय पर अभियान चलाए जाते हैं, लेकिन कुछ समय बाद स्थिति फिर पहले जैसी हो जाती है. फुटपाथों पर कब्जा, सड़क किनारे रेहड़ी-पटरी और अव्यवस्थित पार्किंग के कारण बाजार की व्यवस्था प्रभावित रहती है. शाम के समय बढ़ती भीड़ के बीच लोगों और वाहन चालकों को भारी जाम का सामना करना पड़ता है. फुटपाथों पर सामान बेचने वालों के कब्जे के कारण पैदल चलने वालों और वाहनों, दोनों को परेशानी का सामना करना पड़ता है.
