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नोएडा में हुए श्रमिकों के हिंसक प्रदर्शन को लेकर लगातार बड़े खुलासे हो रहे हैं. इस बीच पुलिस ने कई लेफ्टिस्टि महिलाओं को पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है. पुलिस कई व्हाट्सऐप ग्रुप की भी फॉरेंसिंक जांच करा रही है.
नोएडा कर्मचारियों के प्रदर्शन की खौफनाक तस्वीरें.
नोएडाः दिल्ली से सटे नोएडा के अलग-अलग औद्योगिक इलाकों में हुए श्रमिकों के हिंसक प्रदर्शन के मामले में नोएडा पुलिस ने लेफ्टिस्ट ग्रुप के कई लोगों को गिरफ्तार किया है. इसमें मुख्य तौर पर मजदूर बिगुल दस्ता के मुखिया रूपेश राय को गिरफ्तार किया है. जांच में ये भी पता लगा कि मजदूरों को बिगुल दस्ता के लोगों ने इंडस्ट्रियल एरिया में घूम-घूम कर भड़काया और आंदोलन को हिंसक बनाया. रूपेश राय को सैक्टर 39 थाने की पुलिस ने गिरफ्तार किया गया है. रूपेश राय और उसके संगठन के लोग एक दर्जन से ज्यादा व्हाट्सएप ग्रुप में एक्टिव थे, जिसमें भड़काने वाले पोस्ट डाले गए.
कई महिला एक्टिविस्टों को पुलिस ने हिरासत में लिया
मजदूर बिगुल दस्ता के अलावा दो और संगठन के नाम जांच में सामने आए हैं. जांच में ये भी पता लगा कि अर्बन नक्सल से जुड़ी कुछ महिला एक्टिविस्ट पर भी पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है. जांच में सामने आया कि अर्बन नक्सल से जुड़े ये लोग अप्रैल के शुरुआत से ही नोएडा की अलग अलग लोकेशन्स पर मजदूरों को बरगला रहे थे. अप्रैल के पहले हफ्ते में नोएडा के बोटेनिकल गार्डन, सैक्टर 15, सैक्टर 83, सैक्टर 63, सैक्टर 58, फेस टू में कई यूनियन से मीटिंग्स की जा रही थी. ज्यादातर गिरफ्तार किए गए लोगो की उम्र 25 से 30 साल है. 17 नए व्हाट्सऐप ग्रुप को आइडेंटिफाई किया गया है. इनके डिजिटल ट्रेल की जांच फॉरेंसिक टीम कर रही है.
जो गिरफ्तार हुए, उसमें कई तो श्रमिक ही नहीं हैं
नोएडा प्रकरण में हुई अब तक कार्रवाई में हुआ बड़ा खुलासा हुआ है. वहीं सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी सख्त निर्देश दिए हैं. नोएडा में भड़काने, आगजनी और पथराव करने वाले ज्यादातर श्रमिक थे ही नहीं. नोएडा मजदूर कंपनी विवाद मामले में ऐसे 34 लोग अरेस्ट हुए हैं जो श्रमिक हैं ही नहीं. अरेस्ट हुए लोग में कई मजदूर बिगुल और अर्बन नक्सल से जुड़े हुए हैं. कुल 66 गिरफ्तारियों में 45 श्रमिक हैं ही नहीं. इस खुलासे के बाद सीएम योगी ने देर रात अफसरों के साथ वीसी की. अफवाह व दुष्प्रचार फैलाने वालों पर तत्काल सख्त कार्रवाई और सोशल मीडिया की सतत मॉनीटरिंग के निर्देश दिए.
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Prashant Rai am currently working as Chief Sub Editor at News18 Hindi Digital, where he lead the creation of hyper-local news stories focusing on politics, crime, and viral developments that directly impact loc…और पढ़ें
