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Pappu Yadav Parliament Protest Row: संसद परिसर में भगवा कपड़े पहनकर पुजारी के रूप में विरोध प्रदर्शन करने वाले निर्दलीय सांसद पप्पू यादव विवादों में घिर गए हैं. बीजेपी ने उनके खिलाफ दिल्ली पुलिस में शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की है. बीजेपी विधायक अनिल कुमार शर्मा ने पप्पू यादव के साथ राहुल गांधी, अवधेश प्रसाद और प्रदर्शन में शामिल अन्य नेताओं के खिलाफ भी जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की. बीजेपी का आरोप है कि प्रदर्शन से सनातन धर्म की भावनाएं आहत हुईं और संसद परिसर का राजनीतिक प्रदर्शन के लिए गलत इस्तेमाल किया गया. पार्टी ने लोकसभा स्पीकर से भी जांच की मांग की है. हालांकि, फिलहाल सांसदी खत्म करने का कोई फैसला नहीं हुआ है.
पप्पू यादव के संसद परिसर में भगवा वस्त्र पहनकर प्रदर्शन पर बीजेपी ने FIR और कार्रवाई की मांग की है.
Pappu Yadav Parliament Protest Row: संसद परिसर में विरोध प्रदर्शन तो रोज दिखता है, लेकिन इस बार मामला थोड़ा अलग था. बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव भगवा कपड़े पहनकर पुजारी के रूप में नजर आए. बगल में दान पात्र रखा था. मुद्दा था ‘चंदा चोरी’ और आरोपों को लेकर विपक्ष का विरोध. लेकिन प्रदर्शन का यह अंदाज बीजेपी को नहीं भाया. मामला संसद से निकलकर पुलिस थाने तक पहुंच गया. बीजेपी ने पप्पू यादव के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए दिल्ली पुलिस में शिकायत दी है. इतना ही नहीं, पार्टी के निशाने पर राहुल गांधी, अवधेश प्रसाद और प्रदर्शन के दौरान मौजूद दूसरे विपक्षी सांसद भी हैं. अब सवाल यह है कि क्या इस प्रदर्शन की कीमत पप्पू यादव को अपनी सांसदी से चुकानी पड़ सकती है?
बीजेपी विधायक अनिल कुमार शर्मा और पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि संसद परिसर जैसे संवैधानिक स्थान का इस्तेमाल धार्मिक भावनाओं को आहत करने और राजनीतिक प्रदर्शन के लिए किया गया. बीजेपी ने लोकसभा स्पीकर से भी पूरे मामले की जांच की मांग की है. पार्टी का कहना है कि पप्पू यादव के साथ जो नेता प्रदर्शन में मौजूद थे, उनके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए. हालांकि, फिलहाल सांसदों की सदस्यता खत्म होने की कोई कार्रवाई नहीं हुई है. बीजेपी की ओर से ऐसी मांग जरूर की गई है. इसलिए मामला अभी शिकायत, जांच और कार्रवाई की मांग के स्तर पर है.
भगवा चोला, दान पात्र और संसद परिसर में विरोध
- मानसून सत्र के दसवें दिन संसद के अंदर और बाहर ‘चंदा चोरी’ के मुद्दे पर विपक्ष का प्रदर्शन जारी था. इसी दौरान पप्पू यादव ने भगवा वस्त्र पहनकर पुजारी का रूप धारण किया और जमीन पर बैठ गए. उनके पास दान पात्र भी रखा था. राहुल गांधी समेत कुछ विपक्षी सांसद उन्हें पैसे देते दिखाई दिए. पीछे कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, प्रियंका गांधी और अन्य विपक्षी सांसद पोस्टर लेकर खड़े थे. पोस्टर में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के संसद से गायब रहने को लेकर सवाल उठाया गया था.
- इसके बाद प्रदर्शन में एक और दृश्य ने सबका ध्यान खींचा. पप्पू यादव दान पात्र लेकर भागते हुए नजर आए. इस पूरे प्रदर्शन के जरिए अयोध्या के राम जन्मभूमि मंदिर में कथित चढ़ावे की चोरी के आरोपों को लेकर सरकार पर निशाना साधने की कोशिश की गई. विपक्ष ने इसे अपने राजनीतिक विरोध का तरीका बताया, लेकिन बीजेपी ने इसी अंदाज को लेकर कड़ी आपत्ति जताई.
BJP ने थाने पहुंचकर क्या आरोप लगाया?
बीजेपी विधायक अनिल कुमार शर्मा ने कहा, ‘सनातन धर्म और हिंदू धर्म का जो अपमान किया गया है, वह बर्दाश्त के बाहर है. इस आस्था से जुड़े पूरा समाज इसके खिलाफ खड़ा है. आज हम सांसद के साथ इस मामले में एफआईआर दर्ज कराने आए हैं. मैं दिल्ली पुलिस से अपील करता हूं कि इस मामले की पूरी जांच हो और पप्पू यादव, राहुल गांधी, सांसद अवधेश प्रसाद और इस साजिश में शामिल अन्य लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए.’ बीजेपी विधायक ने आगे कहा कि यह केवल किसी एक व्यक्ति का मामला नहीं है. उनके मुताबिक, यह सनातन धर्म और हिंदू धर्म की भावनाओं पर हमला है. पार्टी ने प्रदर्शन में शामिल नेताओं के नाम शिकायत में देने का दावा किया है.
BJP ने स्पीकर से भी मांगी कार्रवाई
वहीं बीजेपी विधायक करनैल सिंह ने भी प्रदर्शन को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा, ‘बाकायदा हमने सब लोगों के नाम लिखे हैं. यह एक तरह का ढोंग रचा जा रहा है. विपक्ष के पास कुछ नहीं है करने के लिए. सनातन की भावना को आहत करने का जो काम किया है, इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा.’ उन्होंने लोकसभा स्पीकर से भी जांच की मांग करने की बात कही. उनका आरोप था कि संसद जैसे लोकतंत्र के मंदिर का इस्तेमाल राजनीतिक रोटियां सेंकने के लिए किया गया. बीजेपी ने पप्पू यादव, राहुल गांधी और पीछे खड़े अन्य नेताओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.
क्या सच में जाएगी पप्पू यादव की सांसदी?
यही इस पूरे विवाद का सबसे बड़ा सवाल है. बीजेपी ने पप्पू यादव समेत प्रदर्शन में शामिल बताए जा रहे सांसदों को बर्खास्त करने और उनकी सदस्यता खत्म करने की मांग की है. लेकिन मांग और कार्रवाई में फर्क है. फिलहाल उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, उनकी सांसदी खत्म करने का कोई फैसला नहीं हुआ है. आगे शिकायत की जांच, स्पीकर के स्तर पर कार्रवाई और संबंधित नियमों के तहत प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी.
लोकसभा स्पीकर ने भी संसद में ऐसे आचरण को लेकर सांसदों को चेतावनी दी है. ऐसे में अब नजर इस बात पर है कि बीजेपी की शिकायत पर पुलिस क्या कदम उठाती है और लोकसभा सचिवालय इस प्रदर्शन को किस नजर से देखता है. फिलहाल एक राजनीतिक प्रदर्शन ने बड़ा विवाद जरूर खड़ा कर दिया है. पप्पू यादव का ‘पुजारी वाला’ विरोध अब संसद की राजनीति से निकलकर कानूनी और संसदीय कार्रवाई की बहस तक पहुंच गया है.
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सुमित कुमार News18 हिंदी में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं. वे पिछले 4 साल से यहां सेंट्रल डेस्क टीम से जुड़े हुए हैं. उनके पास जर्नलिज्म में मास्टर डिग्री है. News18 हिंदी में काम करने से पहले, उन्ह…
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