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Gen Z IPS Simran Bhardwaj: हरियाणा के छोटे से गांव से ताल्लुक रखने वाली जेन जी आईपीएस सिमरन भारद्वाज ने दिल्ली विश्वविद्यालय से पढ़ाई की है. पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद उन्होंने अपने पहले ही प्रयास में यूपीएससी परीक्षा क्रैक कर मिसाल कायम की है. आईपीएस सिमरन भारद्वाज ने कॉलेज के दिनों में ही अफसर बनने की परफेक्ट स्ट्रैटेजी बना ली थी.
Gen Z IPS Simran Bhardwaj: जेन जी आईपीएस सिमरन भारद्वाज की यूपीएससी सक्सेस स्टोरी बेहद यूनीक है
नई दिल्ली (Gen Z IPS Simran Bhardwaj). यूपीएससी परीक्षा की तैयारी को लेकर अक्सर स्टूडेंट्स के मन कई सवाल रहते हैं. कोई सोचता है कि इसके लिए सालों तक पढ़ाई करनी होगी तो किसी के सिर पर कोचिंग का हौव्वा मंडराता है. लेकिन कुछ कहानियां ये मिथक तोड़ देती हैं. ऐसी ही एक सक्सेस स्टोरी है गुजरात कैडर की युवा आईपीएस अधिकारी सिमरन भारद्वाज की. वह हरियाणा के रेवाड़ी जिले के छोटे से गांव से ताल्लुक रखती हैं.
दिल्ली यूनिवर्सिटी से जर्नलिज्म की पढ़ाई
सिमरन भारद्वाज की शुरुआती पढ़ाई ग्वालियर से हुई. उन्होंने देश की प्रतिष्ठित दिल्ली यूनिवर्सिटी के कमला नेहरू कॉलेज से पत्रकारिता में ग्रेजुएशन किया. कॉलेज के माहौल और जर्नलिज्म की पढ़ाई ने उन्हें देश-दुनिया के मुद्दों को गहराई से समझना सिखाया. कॉलेज के सेकंड ईयर में उन्होंने मन ही मन यूपीएससी क्रैक करने का प्लान बना लिया था. माता-पिता और भाई के अलावा किसी को इस तैयारी की भनक नहीं थी. यूपीएससी रिजल्ट में उनकी 172वीं रैंक देखकर ही सबको सीक्रेट मिशन की जानकारी मिली थी.
जब भाई का मजाक और मां की विश बन गई हकीकत
कहा जाता है कि जब आप किसी चीज को शिद्दत से चाहो तो पूरी कायनात उसे मिलाने में जुट जाती है. सिमरन की जिंदगी में यह बात बिल्कुल सच साबित हुई. एक इंटरव्यू में उन्होंने बेहद दिलचस्प किस्सा शेयर किया. एक बार वे रनिंग कर रही थीं. तभी उनके भाई के एक दोस्त ने उन्हें देखकर कहा- ये दीदी एकदम कमांडो जैसी लग रही हैं. उनके भाई ने भी मजाकिया लहजे में कह दिया- अरे ये तो मेरी बहन है और आईपीएस ऑफिसर है!
उस वक्त तक सिमरन ने यूपीएससी का मेन एग्जाम भी नहीं दिया था. इत्तेफाक देखिए कि भाई का मजाक आगे चलकर सच साबित हुआ. इसके अलावा, साल 2015 में जब वे 10वीं क्लास में थीं, तब उनकी मां ने अपनी विश-लिस्ट में लिखा था कि वे सिमरन को सिविल सर्वेंट के रूप में देखना चाहती हैं. मां का वो सपना भी उनकी बेटी ने सच कर दिखाया.
40-50 टॉपर्स के इंटरव्यू और सही गाइडेंस से बनाई खास स्ट्रैटेजी
सिमरन भारद्वाज मानती हैं कि सफलता तुक्के से नहीं मिलती. उसके लिए स्मार्ट वर्क जरूरी होता है. पहले ही प्रयास में बाजी मारने के लिए उन्होंने कोई ट्रेडिशनल ढर्रा नहीं अपनाया. उन्होंने यूट्यूब पर पिछले कुछ सालों के 40 से 50 यूपीएससी टॉपर्स के इंटरव्यू खंगाल डाले. उन्होंने सफल होने वाले कैंडिडेट्स की कॉमन स्ट्रैटेजी एनालाइज की और फिर उसी हिसाब से अपना स्टडी प्लान तैयार किया.
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Deepali Porwal is a seasoned bilingual journalist with 11 years of experience in the media industry. She currently works with News18 Hindi, focusing on the Education and Career desk. She is kno…
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