पूर्व PM इंद्र कुमार गुजराल के बेटे से फ्रॉड, ₹78000000 ले उड़े जालसाज, गजब तरीके से लगाया चूना

होमताजा खबरDelhi

पूर्व PM इंद्र कुमार गुजराल के बेटे से फ्रॉड, ₹78000000 ले उड़े जालसाज

Last Updated:

Former PM Son Fraud Case: सरकार और पुलिस-प्रशासन की तरफ से साइबर फ्रॉड को लेकर लगातार जागरुकता अभियान चलाया जाता है. इसके बावजूद ऑनलाइन धोखाधड़ी के मामले सामने आते रहते हैं. एक बार फिर से साइबर फ्रॉड का बड़ा मामला सामने आया है.

देश के पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल के बेटे और पूर्व सांसद नरेश कुमार गुजराल के साथ साइबर फ्रॉड किया गया है. (फाइल फोटो/PTI)

Former PM Son Fraud Case: पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल के बेटे और पूर्व सांसद नरेश कुमार गुजराल ऑनलाइन ठगी का शिकार हो गए हैं. इस मामले में दिल्ली पुलिस ने जांच शुरू कर दी है. पुलिस के अनुसार, ठगों ने नरेश गुजराल की तस्वीर का इस्तेमाल कर उनके एक कर्मचारी को व्हाट्सएप पर संदेश भेजा और खुद को गुजराल बताकर बातचीत की. ठग ने कर्मचारी से कहा कि वे एक महत्वपूर्ण बैठक में व्यस्त हैं और तत्काल एक बैंक खाते में आरटीजीएस (RTGS) के जरिए रकम ट्रांसफर करनी है. भरोसा होने के कारण कर्मचारी ने निर्देशों का पालन किया, जिसके बाद करोड़ों रुपये की ठगी को अंजाम दिया गया.

दिल्ली पुलिस के मुताबिक, इस साइबर धोखाधड़ी में कुल 7.80 करोड़ रुपये की ठगी हुई है. हालांकि, त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने करीब 4 करोड़ रुपये की रकम विभिन्न बैंक खातों में फ्रीज करा दी है, जिससे नुकसान को आंशिक रूप से रोका जा सका. मामले को लेकर ई-एफआईआर दर्ज की गई, जिसके बाद साइबर सेल और अन्य जांच एजेंसियों ने जांच तेज कर दी है. पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि ठगों ने किस तरह नरेश गुजराल की पहचान का दुरुपयोग किया और धनराशि किन खातों में भेजी गई. अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहन जांच जारी है और जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.

4 करोड़ रुपये फ्रीज

पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल के पुत्र और पूर्व सांसद नरेश कुमार गुजराल कथित तौर पर 7.80 करोड़ रुपये की साइबर ठगी का शिकार हो गए हैं. मामले में दिल्ली पुलिस की साइबर सेल ने जांच शुरू कर दी है. ई-एफआईआर दर्ज की गई. पुलिस के अनुसार, त्वरित कार्रवाई करते हुए करीब चार करोड़ रुपये की राशि फ्रीज करा ली गई है. प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ठगों ने नरेश गुजराल की पहचान का दुरुपयोग करते हुए उनके एक कर्मचारी को निशाना बनाया. घटना का खुलासा तब हुआ जब गुजराल के एक कर्मचारी ने संदिग्ध वित्तीय लेनदेन की जानकारी उनकी बेटी दीक्षा गुजराल को दी. संदेह होने पर दीक्षा ने अपने पिता से संपर्क कर भुगतान संबंधी निर्देशों की पुष्टि की. नरेश गुजराल ने स्पष्ट किया कि उन्होंने ऐसा कोई निर्देश नहीं दिया था. इसके बाद परिवार को साइबर ठगी का एहसास हुआ.

साइबर क्राइम हेल्‍पलाइन पर शिकायत

दीक्षा गुजराल ने तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई और ई-एफआईआर कराई. शिकायत मिलते ही साइबर अपराध अधिकारियों ने कार्रवाई शुरू की और ठगी गई रकम का लगभग 70 प्रतिशत हिस्सा फ्रीज कराने में सफलता हासिल की. दिल्ली पुलिस अब धनराशि के ट्रांजेक्शन ट्रेल की जांच कर रही है और इस पहचान-आधारित साइबर धोखाधड़ी में शामिल आरोपियों की तलाश में जुटी है.

About the Author

Manish Kumar

बिहार, उत्‍तर प्रदेश और दिल्‍ली से प्रारंभिक के साथ उच्‍च शिक्षा हासिल की. झांसी से ग्रैजुएशन करने के बाद दिल्‍ली यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में PG डिप्‍लोमा किया. Hindustan Times ग्रुप से प्रोफेशनल कॅरियर की शु…और पढ़ें

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *