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सुमित राजपूत/नोएडा: गौतमबुद्ध नगर जिला बीते वर्षों तक उत्तर प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं के मामलों में टॉप-10 जिलों में शामिल रहता था. लगातार बढ़ते हादसों और बड़ी संख्या में होने वाली मौतों के कारण जिला अक्सर चर्चा में रहता था. हालांकि वर्ष 2026 के जून तक के आंकड़े राहत देने वाले हैं. परिवहन विभाग के अनुसार सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में 14.2 प्रतिशत
नोएडा: गौतमबुद्ध नगर जिला बीते वर्षों तक उत्तर प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं के मामलों में टॉप-10 जिलों में शामिल रहता था. लगातार बढ़ते हादसों और बड़ी संख्या में होने वाली मौतों के कारण जिला अक्सर चर्चा में रहता था. हालांकि वर्ष 2026 के जून तक के आंकड़े राहत देने वाले हैं. परिवहन विभाग के अनुसार सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में 14.2 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है, जबकि हादसों में घायल होने वाले लोगों की संख्या भी 8 प्रतिशत घटी है.
मृतकों की संख्या में 3 प्रतिशत बढ़ोतरी के चिंता बढ़ी
हालांकि, इन सकारात्मक आंकड़ों के बीच एक चिंताजनक पहलू भी सामने आया है. सड़क हादसों में कुल दुर्घटनाएं कम होने के बावजूद मृतकों की संख्या में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है. ARTO का मानना है कि कई मामलों में तेज रफ्तार, गंभीर टक्कर, हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल न करना तथा हादसे के बाद समय पर इलाज न मिल पाना मौतों की बड़ी वजह बन रहे हैं. ऐसे में दुर्घटनाओं की संख्या कम होना राहत की बात है, लेकिन मौतों में इजाफा प्रशासन और संबंधित विभागों के लिए गंभीर चिंता का विषय बना हुआ है.
इन विभागों के साथ मिलकर कर यह है लगातार काम
एआरटीओ प्रवर्तन उदित नारायण ने बताया कि परिवहन विभाग स्थानीय प्रशासन और ट्रैफिक पुलिस के साथ मिलकर सड़क सुरक्षा को बेहतर बनाने के लिए लगातार काम कर रहा है. विभाग का लक्ष्य केवल सड़क दुर्घटनाओं की संख्या कम करना नहीं, बल्कि हादसों में घायल और मृतकों की संख्या में भी प्रभावी कमी लाना है. इसके लिए संयुक्त अभियान चलाए जा रहे हैं, यातायात नियमों के पालन पर विशेष जोर दिया जा रहा है और सड़क सुरक्षा को लेकर लोगों को जागरूक भी किया जा रहा है.
इन दो जगहों को किया गया चिन्हित
उन्होंने बताया कि जिले में ऐसे दो स्थानों को चिन्हित किया गया है, गाजियाबाद से बुलंदशहर को जाने वाला नेशनल हाईवे जो एरिया गौतमबुद्ध नगर का पड़ता है जहां सबसे अधिक सड़क दुर्घटनाएं होती थीं. इन ब्लैक स्पॉट्स पर परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस की संयुक्त टीम विशेष रणनीति के तहत कार्य कर रही है. यहां यातायात व्यवस्था में सुधार, साइन बोर्ड की व्यवस्था, निगरानी बढ़ाने और नियमों के सख्ती से पालन कराने जैसे कदम उठाए जा रहे हैं. अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में हम एक सकारात्मक प्रणाम हम देख पाएंगे.
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विवेक कुमार एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें मीडिया में 10 साल का अनुभव है. वर्तमान में न्यूज 18 हिंदी के साथ जुड़े हैं और हरियाणा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की लोकल खबरों पर नजर रहती है. इसके अलावा इन्हें देश-…
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