‘पहले ही नारे वाले फोटो हटा दिए थे’, प्रियंका के बेटे रेहान वाड्रा ने बीकानेर हाउस की कार्रवाई पर उठाए सवाल

कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी के बेटे, कलाकार और फोटोग्राफर रेहान वाड्रा की प्रदर्शन को लेकर विवाद सामने आया है. खुद रेहान ने बीकानेर हाउस प्रशासन की ओर से जताई गई आपत्तियों पर सवाल उठाया है. उन्होंने सीएनएन-न्यूज18 को बताया कि उन्होंने अपने प्रदर्शनी ‘नो आइडिया इज फाइनल’ से कुछ तस्वीरें हटाने को लेकर लिखित स्पष्टीकरण मांगा था. उन्हें समझ नहीं आया कि भारतीय राष्ट्रीय ध्वज वाली तस्वीरें क्यों विवाद का विषय बन गईं.

खास बातचीत में रेहान ने आरोप लगाया कि वेन्यू प्रबंधन ने कुछ तस्वीरों पर आपत्ति जताई, लेकिन लिखित में यह नहीं बताया कि कौन-सी तस्वीरें आपत्तिजनक हैं और वे किस नीति का उल्लंघन करती हैं. रेहान ने कहा, “मैंने कल शाम 7 बजे प्रदर्शनी खोली. उससे 24 घंटे पहले बीकानेर हाउस प्रबंधन ने मुझसे संपर्क किया और कहा कि प्रदर्शनी की कुछ तस्वीरें उनकी नीति के खिलाफ हो सकती हैं.”

उन्होंने प्रबंधन से कहा कि वे लिखित में बताएं कि कौन-सी तस्वीरें किस नीति के खिलाफ हैं और आपत्ति की वजह क्या है. तब तक वे कोई तस्वीर नहीं हटाएंगे. प्रबंधन ने जवाब देने का वादा किया लेकि रात भर कोई संपर्क नहीं हुआ.

रेहान ने बताया कि वेन्यू की टीम ने प्रदर्शनी देखी और तस्वीरों की तारीफ भी की लेकिन करीब एक घंटे बाद एक वरिष्ठ अधिकारी (डिप्टी रेजिडेंट कमिश्नर) का फोन आया और तस्वीरें हटाने को कहा गया.रेहान की टीम ने फिर लिखित आदेश की मांग की.

राष्ट्रीय ध्वज पर आपत्ति क्यों?
रेहान ने बताया कि इस विवाद में करीब 74 तस्वीरें शामिल थीं. इनमें स्ट्रीट फोटोग्राफी, भारतीय राष्ट्रीय ध्वज की तस्वीरें और पिछले एक साल के प्रदर्शनों की तस्वीरें शामिल थीं. रेहान ने कहा कि वे वेन्यू की राजनीतिक सामग्री पर पाबंदी की नीति से वाकिफ थे. इसलिए उन्होंने राजनीतिक नारे या राजनीतिक हस्तियों वाली तस्वीरें पहले ही हटा दी थीं. लेकिन राष्ट्रीय ध्वज पर आपत्ति समझ से बाहर है.

उन्होंने कहा, “मुझे समझ नहीं आता कि राष्ट्रीय ध्वज प्रदर्शित करने में क्या दिक्कत है.” प्रदर्शनी में शुरू में 100 से ज्यादा तस्वीरें और कलाकृतियां थीं. इनमें वन्यजीव फोटोग्राफी, अमूर्त कला और युवा आंदोलनों-प्रदर्शनों की तस्वीरें शामिल थीं.

रेहान ने बीकानेर हाउस पर लगाए थे आरोप
बता दें कि 21 अक्टूबर को रेहान ने आरोप लगाया था कि प्रदर्शनी खुलने से ठीक पहले बीकानेर हाउस प्रशासन ने दिल्ली के हालिया प्रदर्शनों की बड़ी संख्या में तस्वीरें हटाने को कहा. पीटीआई के अनुसार उन्हें दोपहर 3:30 बजे बताया गया कि शाम 5 बजे तक तस्वीरें हटा दें, वरना प्रदर्शनी रद्द कर दी जाएगी. उन्हें कहा गया कि अभी ये तस्वीरें दिखाने का सही समय नहीं है.

रेहान ने कहा कि उन्होंने प्रबंधन को पहले ही विस्तृत प्रस्ताव और लेआउट दे दिया था. इसलिए आखिरी समय में इतनी तस्वीरें हटाने का अनुरोध उन्हें आपत्तिजनक लगा. उन्होंने कहा कि ये तस्वीरें राजनीतिक संदेश नहीं देतीं, बल्कि पिछले छह महीने के प्रदर्शनों का दस्तावेजीकरण हैं. एक भारतीय कलाकार के रूप में आसपास की घटनाओं को दर्ज करना उनकी जिम्मेदारी है.

हालांकि पीटीआई रिपोर्ट के अनुसार 70 से ज्यादा तस्वीरें हटाई गईं और करीब 40 तस्वीरें प्रदर्शनी में रह गईं. प्रबंधन ने युवाओं के प्रदर्शनों की तस्वीरों पर आपत्ति जताई और तिरंगे वाली दो तस्वीरें हटाने को कहा. रेहान ने तिरंगे वाली तस्वीरें हटाने से इनकार कर दिया. उन्होंने कहा कि प्रदर्शनी सीमित रूप में जारी रहेगी और वे पूरा कलेक्शन दिखाने के लिए दूसरा वेन्यू तलाशेंगे.

प्रियंका गांधी वाड्रा ने किया समर्थन
कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने बेटे का खुलकर समर्थन किया. उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर लिखा, “जब कोई शक्ति वाला व्यक्ति दूसरे की अभिव्यक्ति से डरने लगता है, तो वह नहीं जानता कि वह उसी शक्ति को खो चुका है जिसकी रक्षा करने की कोशिश कर रहा है. तुम सच के पक्ष में खड़े रहो, सुंदर चीजें खुद तुम्हारे पास आएंगी. मुझे तुम पर गर्व है, हमेशा रहेगा.”

इससे पहले 21 अक्टूबर को प्रियंका ने इस घटना को ‘हास्यास्पद’ बताया था और आरोप लगाया था कि अधिकारियों ने देशभर के युवाओं की आवाज दबाने की कोशिश की है. उन्होंने कहा कि तस्वीरें सिर्फ प्रदर्शनों का दृश्य दस्तावेज हैं, उनमें कोई टिप्पणी या अपमानजनक सामग्री नहीं है.

उन्होंने कहा, “आज उनके साथ हुआ, कल किसी और कलाकार के साथ होगा,”

कांग्रेस नेताओं ने की आलोचना
वहीं कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने प्रदर्शनों की तस्वीरों को निशाना बनाया और सवाल किया कि राष्ट्रीय ध्वज की तस्वीरों पर भी आपत्ति क्यों. सांसद कार्ति चिदंबरम ने भी प्रशासन के व्यवहार को ‘मूर्खतापूर्ण’ और ‘बचकाना’ बताया.

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *