OMG! पुरानी दिल्ली की इन गलियों से होता 10000 करोड़ का कारोबार, विदेशी भी यहां आकर करते हैं निवेश

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पुरानी दिल्ली की इन गलियों से होता 10000 करोड़ का कारोबार,विदेशी भी करते निवेश

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Old Delhi Markets: क्या है आपको पता पुरानी दिल्ली के इस बाजार से 10000 करोड़ का कारोबार संचालित होता है. पूरे भारत के इस विभाग और इस चीज को यह बाजार कंट्रोल करता है. वहीं खास बात यह है की यह बाजार केवल 6 से 7 गलियों में ही सिमटा हुआ है. जानिए कौन सा है यह बाजार हमारी इस पूरी रिपोर्ट में.

दिल्ली: पुरानी दिल्ली की गलियों में बसे हुए बाजार काफी ज्यादा दिलचस्प और विश्व भर में काफी ज्यादा प्रसिद्ध भी हैं. प्रसिद्ध सिर्फ इसलिए नहीं है क्योंकि वहां पर हर एक चीज मिलती हैं बल्कि वह प्रसिद्ध इसलिए भी हैं. क्योंकि जितना कारोबार इन छोटी गलियों के इन बाजारों से होता है, उतना शायद ही किसी दुनिया के एक बड़े बाजार से भी होता हो. ऐसा ही एक बाजार पुरानी दिल्ली चांदनी चौक के खारी बावली में भी मौजूद हैं, जो कि केवल 1 किलोमीटर के दायरे के अंदर है. करीबन 6 से 7 गलियों में सिमटा हुआ है. यहां का कारोबार हजारों करोड़ में है.

छोटा सा बाजार, हजारों करोड़ों का कारोबार
सबसे पहले इस बाजार के जनरल सेक्रेटरी धीरज सिंधवानी से जब हमने बात की तो उन्होंने बताया कि यह बाजार काफी ज्यादा पुराना है. करीबन इस बाजार से 10000 करोड़ रुपए का कारोबार संचालित होता है. हम आपको यह भी बता दें कि जिस बाजार की हम बात कर रहे हैं. वह खारी बावली का ड्राई फ्रूट बाजार है जो कि भारत और एशिया का सबसे बड़ा बाजार है. दरअसल, खारी बावली में जो आप मुख्य बड़ी-बड़ी ड्राई फ्रूट की दुकाने आप देखते हैं. वह ज्यादातर दुकाने रिटेल की हैं. इन सभी दुकानों पर जो भी ड्राई फ्रूट आता है. वह इसके पीछे के बाजार जो की 6 से 7 गलियों में है. जहां पर दुनिया भर से ड्राई फ्रूट आकर भारत के अलग-अलग कोनों में जाता है, वो ही मुख्य बाजार है.

आते हैं हर तरह के ड्राई फ्रूट, विदेशी भी आते हैं कारोबार करने
धीरज ने हमें यह भी बताया कि विदेशों से जितना भी ड्राई फ्रूट आता है. वह सबसे पहले भारत के इसी बाजार में आता है. यहीं से पैक होकर बाकी राज्यों के बड़े व्यापारी उसे ले जाते हैं. वहीं उन्होंने यह भी बताया कि विदेशी खास कर अफगानिस्तान के लोग अपने यहां का अंजीर और अन्य तरह के ड्राई फ्रूट्स की वैराइटी भी यहां पर बेचे खुद आते हैं. यहां से वह अपना कारोबार भी चलाते हैं. उनका यह भी दावा था कि दुनिया के जिस भी कोने में ड्राई फ्रूट का उपयोग किया जाता है. वह विदेशी लोग कभी ना कभी इस बाजार में जरूर आए होंगे. या फिर उन्होंने इस बाजार के बारे में तो जरुर सुना ही होगा.

सरकार के आगे भी रखी यह मांग
धीरज ने कहा कि वह अपनी कार्यालय संगठन जो खास कर ड्राई फ्रूट को संचालित करती है. उनकी तरफ से वह सरकार से यह मांग रखते हैं कि इस बाजार का विस्तारीकरण किया जाए, ताकि यह बाजार थोड़ा और बड़ा हो सके क्योंकि यह बाजार उतने का उतना ही है. जब से शुरू हुआ है मगर यहां पर व्यापारी बढ़ गए हैं. इस कारण व्यापार करने में और चीज़ें यहां से वहां ले जाने में इस बाजार में काफी ज्यादा मुश्किल आती है. वहीं उनकी दूसरी मांग यह भी थी कि वह चाहते हैं कि गवर्नमेंट उन्हें दिल्ली में ही बड़े कोल्ड स्टोर बना कर दें. ताकि वह अपना ड्राई फ्रूट दिल्ली में ही रख सके. उनकी आखिरी मांग यह भी थी कि वह अपने डिसटीब्यूशन सिस्टम को वापस से ठीक करना चाहते हैं. इसमें भी उन्हें सरकार से मदद चाहिए.

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Amit ranjan

मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले…और पढ़ें

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