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Delhi Police Holster Pistol: सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील राघवेंद्र प्रताप सिंह ने दिल्ली पुलिस को पत्र लिखकर सुझाव दिया कि सर्विस रिवॉल्वर के होल्स्टर में अंगूठे से खुलने वाला बायोमेट्रिक सेंसर लगाया जाए, ताकि हथियार सुरक्षित रहे. उन्होंने कहा कि आजकल पुलिस वाले सर्विस रिवाल्वर को फिल्मों की तरह बेल्ट के सहारे लगाकर चलते हैं.
नई दिल्ली : बॉलीवुड फिल्मों की ही तरह अब देश भर के पुलिस अफसर अपनी सर्विस रिवॉल्वर यानी पिस्तौल को बिना होल्स्टर के ही कमर में लगाकर चलते हैं. बाइक पर भी वह इसी तरह अपनी सर्विस रिवॉल्वर को कमर में सिर्फ बेल्ट के सहारे लगाकर चलते हुए अक्सर नजर आते हैं, जिस वजह से अक्सर ऐसे मामले आते हैं. जब पुलिस वाले की ही उनकी सर्विस रिवॉल्वर छीनकर उनको मार दिया जाता है. यह मामले काफी गंभीर हैं. पुलिस का यह प्रोटोकॉल भी नहीं है. पुलिस का प्रोटोकॉल यही कहता है कि हर पुलिस वाले को अपनी सर्विस रिवॉल्वर को होल्स्टर में ही लगाकर रखना सुरक्षित माना जाता है.
ऐसे में इन दिनों लगातार बॉलीवुड फिल्मों में जिस तरह से दिखाया जाता है. उसी को अब देश भर के पुलिस वाले फॉलो कर रहे हैं, जो कि खुद में ही सुरक्षा को कड़ी चुनौती देते हैं. यही वजह है कि देश की राजधानी दिल्ली के जाने-माने वरिष्ठ वकील और मशहूर सीनियर वकील स्व. राम जेठमलानी के शिष्य राघवेंद्र प्रताप सिंह ने दिल्ली पुलिस को एक लेटर लिखा है और जिसमें उन्होंने दिल्ली पुलिस को पत्र लिखकर एक बेहद अनोखा आईडिया दिया है, जिसको अपना कर न सिर्फ दिल्ली, बल्कि देश भर के पुलिस वाले अपनी सर्विस रिवॉल्वर को एकदम सुरक्षित कर सकते हैं.
दिल्ली पुलिस को लिखा पत्र
वरिष्ठ वकील और साइबर क्राइम जैसे मामलों को देशभर के अलग-अलग कोर्ट में देखने वाले सीनियर वकील राघवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि उनके पिता पुलिस विभाग में ही ऊंचे पद पर थे, लेकिन उनके पिता ने कभी भी अपनी सर्विस रिवॉल्वर को होल्स्टर के बिना नहीं पहना. आजकल के जितने भी पुलिस वाले हैं. वो सभी अपनी सर्विस रिवॉल्वर को बिना होल्स्टर के ही कमर में सिर्फ बेल्ट के सहारे लगाकर चलते हैं, जो की बेहद असुरक्षित है. कोई भी आसानी से उनकी रिवॉल्वर को छीन सकता है और किसी को भी मार सकता है.
उन्होंने बताया कि अक्सर ऐसे मामले सामने आते भी रहते हैं. जब क्रिमिनल पुलिस वालों की ही रिवॉल्वर छीनकर उनको मार देते हैं. इसलिए उन्होंने दिल्ली पुलिस को एक पत्र लिखा है, जिसमें सलाह दी है. क्योंकि वह साइबर क्राइम के मामले भी देश भर के कोर्ट में संभाल रहे हैं तो इसमें उन्होंने यह सलाह दी है कि दिल्ली पुलिस होल्स्टर में एक सेंसर लगा दे और वह सेंसर जिस पुलिस वाले की सर्विस रिवॉल्वर की हो, उसके अंगूठे के सेंसर से ही खुले. बाकी कोई भी उसे खोल ना सके.
जानें सेंसर लगाने का फायदा
राघवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि जिस तरह से बायोमेट्रिक होता है, उसी तरह पुलिस वालों के होल्स्टर में एक सेंसर लगा होना चाहिए. जिसे पुलिस वाले अपने अंगूठे से खोल सकें और सर्विस रिवॉल्वर को निकाल सकें. अगर यह सिस्टम दिल्ली पुलिस अपने यहां लागू कर देती है तो देश भर के पुलिस विभाग के लिए यह मिसाल बनेगा. उन्होंने यह पत्र दिल्ली पुलिस को लिखा है, खास तौर पर ताकि दिल्ली पुलिस सबसे पहले इस सेंसर सिस्टम को लागू करे. ऐसा करने से कभी भी पुलिस वालों की सर्विस रिवॉल्वर का गलत इस्तेमाल नहीं हो सकेगा. पुलिस वालों की जान भी सुरक्षित रहेगी. उन्होंने बताया कि इस पत्र को लिखे कुछ वक्त बीत चुका है, लेकिन अभी दिल्ली पुलिस की ओर से कोई भी रिस्पांस नहीं आया है. हालांकि उन्हें यकीन है कि दिल्ली पुलिस इस पर जल्द ही कोई ना कोई रिस्पांस देगी.
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बृजेंद्र प्रताप सिंह डिजिटल-टीवी मीडिया में (2021) लगभग 5 सालों से सक्रिय हैं. मेट्रो न्यूज 24 टीवी चैनल मुंबई, ईटीवी भारत डेस्क, दैनिक भास्कर डिजिटल डेस्क के अनुभव के साथ 14 मई 2024 से News.in में सीनियर कंटें…और पढ़ें
